*tha successful of my life

1061 Words
*The Success of My Life* ये कहानी है मेरे संघर्ष और त्याग की है| मैंने सब से सुना है कि कुछ पाने के लिए कुछ खोना पड़ता है, और ये सच है। मैंने भी कुछ पाने के लिए कुछ खोया है। मैं एक छोटे से शहर से हूँ, लेकिन मेरे सपने बहुत बड़े हैं, जिन्हें पाने के लिए मुझे मेहनत की ज़रूरत है। शायद बहुत ज़रूरत है। मेरा नाम पिहू है, और मैं 18 साल की हूँ। मेरा जो सपना है, वो बहुत बड़ा है, जिसे मुझे पूरा करना ही होगा। सच बात तो ये है कि पहले मेरा भी कोई सपना नहीं था। आप की तरह मैं भी एक नॉर्मल ज़िंदगी चाहती थी, लेकिन कुछ ऐसा आया मेरी ज़िंदगी में, जिसे पाने के लिए मेरा सपना बन गया। और उसके साथ मैं उसको ऐसा ही पूरा नहीं कर सकती थी, इसीलिए बस मेरी उस दिन से मेरी ज़िंदगी का सफर शुरू हो गया। और मैं खुद को रोकना नहीं चाहती थी। मैं जितनी कोशिश कर सकती थी, जो सब कर सकती थी, वो सब मैंने किया। सब ने कहा, "मैं नहीं कर सकती हूँ, रहने दो, तुम से नहीं होगा ये कभी भी", लेकिन मैंने खुद से कहा, "मैं कर सकती हूँ, मुझे करना होगा, ये मेरी Life ke liye है और मेरी फैमिली के लिए है।" मेरी बेस्ट फ़्रेंड आलिया ने और मैंने अपनी ड्रीम कंपनी में अपना ऑडिशन देने का प्लान किया | और मैंने अपनी आवाज़ को उनके पास पहुँचाया। और फिर उन्होंने मुझे और मेरी बेस्टी आलिया को ऑडिशन के लिए बुलाया। मेरी ड्रीम कंट्री साउथ कोरिया है, जहाँ मैं जाना चाहती थी। अब बस मुझे उस दिन का इंतज़ार था, जब मैं वहाँ जाऊँगी। लेकिन एक डर भी था कि मैं अपनी फैमिली के बिना कैसे रह सकूँगी, एक ऐसी कंट्री में जहाँ मेरा अपना कोई नहीं था। लेकिन मुझे मेरे परिवार को ये बताना था कि मैं भी सब अपने परिवार का नाम रोशन कर सकती हूं | मुझे अपनी पैकिंग करनी थी, मैं उसे करने में लग गई। मेरी मम्मी खुश तो थीं, लेकिन उन्हें मेरी टेंशन थी कि मैं अकेले वहाँ कैसे कर पाऊँगी। और ऐसे ही वो दिन भी आ गया, जब मुझे और मेरी बेस्टी आलिया को जाना था। रात का काला अंधेरा था, जब मैं अपनी मंज़िल को पाने के लिए अपने घर से निकली थी। अपनी दोस्त आलिया के साथ मॉम बहुत परेशान थीं मेरे लिए कि मैं एक अनजान शहर में कैसे रहूँगी, लेकिन मुझे तो कुछ पाने के लिए कुछ खोना था। उस रात मैंने अपने घर को, अपनी फैमिली के प्यार को अलविदा कहा, और अपने मंज़िल की तलाश में निकल गई। मेरे डैड ने मुझे एयरपोर्ट पर ड्रॉप किया, और लास्ट बार गले लगाया। और मैंने अपनी मंज़िल के लिए एक कदम लिया। मुझे खुशी थी लेकिन डर भी था, एक अजीब सी फेलिंग थी, जिसे मैं बता नहीं सकती। मैंने अपनी बेस्टी आलिया का हाथ पकड़ा, और एयरपोर्ट के अंदर फ्लाइट के लिए निकल गई। और मैंने या मेरे दोस्त ने बहुत एन्जॉय किया किया हम दोनों बहुत खुश थे और फिर ऐसे ही हम साउथ कोरिया में आ गए एक नई शहर जो मेरे और मेरी दोस्त के लिए बिल्कुल नया था| और एयरपोर्ट से बाहर आने पर मेरे और उसके लिए सब कुछ नया था। मैंने एक लंबी साँस ली, और थोड़ी हिम्मत के साथ अपनी बेस्टी का हाथ पकड़कर सामने खाड़े ड्राइवर के पास गए , जो हमारे नाम का वोट लेकर खाड़े था| थोड़ा डर तो था, लेकिन खुशी थी कि मैं अपनी मंज़िल के करीब हूँ। मेरे लिए सपने जैसा था, आखिरकार मैं जो चाहती थी, वो होने जा रहा था। थोड़ी देर में मैं उस कंपनी के सामने खड़ी हुई थी, जो मेरी और मेरी बेस्टी आलिया की ड्रीम कंपनी थी। और आज मेरा ड्रीम पूरा हो गया है। जब मैं और वो अंदर गए , तो सब लोगों ने हमारा वेलकम किया, और मुझे ये सब बहुत पसंद आया। मेरे दिल में बस एक ही ख्याल आया, "आज मेरी फैमिली यहाँ होती, तो वो भी कितने खुश होते।" उन्होंने हमको लॉबी में बिठाया, और कहा, "आपका नंबर आएगा, तब हम आपको बुलाएंगे।" थोड़ी देर में मेरी और मेरी बेस्टी की ऑडिशन के लिए बुलाया गया, और हमने ऑडिशन दिया। हमें नहीं पता था कि हमारी परफॉर्मेंस उन्हें कैसी लगी, लेकिन हमें पूरी कोशिश करनी थी। उन्होंने हमसे कहा, "आप थोड़ी देर इंतज़ार करें।" उन्होंने हमें बुलाया, और कहा, "आप सलेक्ट हो चुके हैं।" मुझे बहुत खुशी हुई, और ये बात मैं अपनी फैमिली को बताना चाहती थी, लेकिन ये सही समय नहीं था, इसीलिए मैंने थोड़ा इंतज़ार किया। अगले दिन से हमारी ट्रेनिंग शुरू हो गई। रोज़ की ट्रेनिंग से मैं बहुत थक जाती थी, लेकिन मुझे हार नहीं माननी थी। मुझे और भी ज्यादा मेहनत करनी थी, इसीलिए मैंने और मेरी बेस्टी ने रेस्टोरेंट में कooking का काम करना शुरू किया। ये सब मेरी मेहनत थी, जो मैं अपने और अपनी फैमिली के लिए कर रही थी, क्योंकि मैं जानती थी, "अंधेरे के बाद रोशनी ज़रूर आती है।" फिर चाहे कितना भी समय लगे, कितनी भी मेहनत करनी पड़े, कितना भी संघर्ष करना पड़े, फिर भी हिम्मत नहीं हारनी चाहिए। फिर चाहे ये दुनिया कितना भी आपको नेगेटिव बातें बोले, जैसे मुझे बोलते हैं, "तुम से कुछ नहीं हो, तुम्हारा समय कभी नहीं आएगा।" लेकभी मैंने सब की बातों को इग्नोर किया, और अपनी मंज़िल जी और बढ़ती गई। ऐसे ही तीन साल निकल गए, जिनके लिए मैंने इतनी मेहनत की थी, वो चार दिन बाद पूरा हो जाएगा। मैं पहली बार अपनी आवाज़ को दुनिया तक पहुँचाऊँगी। ये सोचकर मैं बहुत खुश थी, और बस इंतज़ार कर रही थी। अब, मैं स्टेज पर हूँ, और मेरी आवाज़ दुनिया तक पहुँच रही है। मैं अपने गाने को गा रही हूँ, और लोगों की तालियाँ मुझे और भी उत्साहित कर रही हैं। मेरी आवाज़ लोगों के दिलों को छू रही है, और मैं अपने सपनों को पूरा कर रही हूँ। 😊 मैं बहुत खुश हूं कि मुझे एक ऐसी दोस्ती मिल गई जिसने मेरा इतना साथ दिया, मैं बहुत भाग्यशाली हूं मैं सब को ये बताना चाहता हूं कि हर किसी की जिंदगी आसान नहीं होती हां ना ही किसी की मंजिल आसान होती है लेकिन हमें भी हार नहीं माननी चाहिए और ये ही बात है उनके परिवार को बनाना चाहती हूं कि अपने बच्चों को सपोर्ट करना चाहिए| कृपया अपने बच्चे का समर्थन करें
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